एक पारी में बाउंड्री से सब से ज्यादा रन, छक्कों की बारिश और कई ऐतिहासिक उपलब्धियां
भारतीय युवा क्रिकेट में पिछले कुछ समय से एक नाम लगातार चर्चा में है—Vaibhav Suryavanshi। महज 14 साल की उम्र में इस युवा बल्लेबाज़ ने अंडर-19 वनडे क्रिकेट में ऐसे रिकॉर्ड बनाए हैं, जिनकी तुलना दिग्गजों से की जा रही है। हाल ही में अंडर-19 विश्व कप फाइनल में उनकी विस्फोटक पारी ने उन्हें भारत के सबसे चर्चित युवा बल्लेबाज़ों में शामिल कर दिया।
ऐतिहासिक पारी: 80 गेंदों में 175 रन
अंडर-19 विश्व कप 2026 के फाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ सूर्यवंशी ने 80 गेंदों में175 रन ठोक दिए। इस पारी में 15 चौके और 15 छक्के शामिल थे, यानी बड़ी संख्या में रन सिर्फ बाउंड्री से आए। उनकी इस पारी की बदौलत भारत ने 411 रन का विशाल स्कोर बनाया और खिताब भी जीता।
यह स्कोर अंडर-19 विश्व कप फाइनल में किसी भी बल्लेबाज़ का सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर बना और कई पुराने रिकॉर्ड टूट गए।
बाउंड्री से सब से ज्यादा रन का रिकॉर्ड
175 रन की उस पारी में 15 चौकों (60 रन) और 15 छक्कों (90 रन) से ही 150 रन आए—जो दर्शाता है कि उनकी बल्लेबाज़ी कितनी आक्रामक और प्रभावी थी। इतनी बड़ी मात्रा में रन सिर्फ बाउंड्री से बनाना युवा क्रिकेट में बेहद दुर्लभ माना जाता है।
इसके अलावा एक अन्य मैच में उन्होंने 127 रन की पारी में 96 रन सिर्फ बाउंड्री से बनाए थे, जो उनकी पावर-हिटिंग क्षमता का उदाहरण है।
छक्कों की बरसात और बड़े रिकॉर्ड
वैभव सूर्यवंशी ने अंडर-19 क्रिकेट में छक्कों के मामले में भी कई उपलब्धियां हासिल कीं:
- अंडर-19 विश्व कप के एक सीजन में सबसे ज्यादा छक्के लगाने का रिकॉर्ड बनाया।
- यूथ वनडे क्रिकेट में 100 छक्के लगाने वाले पहले बल्लेबाज़ बने।
- फाइनल की पारी में 15 छक्के लगाकर बड़े मंच पर भी अपनी ताकत दिखाई।
भारतकेलिएअंडर-19 वनडेमेंटॉपबल्लेबाज़ोंमेंशामिल
सूर्यवंशी ने यूथ वनडे में रन बनाने के मामले में विराट कोहली का रिकॉर्ड पीछे छोड़ा और भारत के शीर्ष रन-स्कोररों में जगह बनाई।
साथ ही, वे लगातार शतक और अर्धशतक लगाते हुए भारत के सबसे भरोसेमंद युवा बल्लेबाज़ों में गिने जा रहे हैं।
कम उम्र में बड़ी उपलब्धियां
वैभव सूर्यवंशी का करियर बेहद कम उम्र में ही रिकॉर्डों से भर गया है:
- अंडर-19 क्रिकेट में कई शतक और तेज शतक
- विश्व कप फाइनल में शतक लगाने वाले चुनिंदा भारतीय बल्लेबाज़ों में शामिल
- 14 वर्ष की उम्र में अंतरराष्ट्रीय युवा क्रिकेट में लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन
